विश्व क्रिकेट के मैदान पर आज एक ऐसा जबरदस्त भूचाल आया है जिसने पुराने दिग्गजों की नींद उड़ा कर रख दी है। इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल यानी आईसीसी ने अपनी नई टेस्ट रैंकिंग का ऐलान कर दिया है और इस रैंकिंग ने पूरी दुनिया को यह साफ संदेश दे दिया है कि अब क्रिकेट में पुराने चेहरों की बादशाहत का वक्त खत्म हो रहा है और नए खून ने हुकूमत करना शुरू कर दिया है। टेस्ट क्रिकेट, जिसे हमेशा से धैर्य और क्लासिक तकनीक का खेल माना जाता था, आज वहां अग्रेसिव और बेखौफ बल्लेबाजों का डंका बज रहा है। सबसे बड़ा और हैरान करने वाला उलटफेर तो नंबर वन की कुर्सी पर हुआ है। लंबे समय से दुनिया के तमाम गेंदबाजों के लिए सिरदर्द बने हुए इंग्लैंड के जो रूट से टेस्ट क्रिकेट का सबसे बड़ा ताज छिन चुका है। जो रूट का राज खत्म हो गया है और उनकी जगह ली है एक ऐसे युवा तूफान ने जिसने टेस्ट क्रिकेट खेलने का स्टाइल ही बदल कर रख दिया है।इंग्लैंड के ही युवा और बेहद विस्फोटक बल्लेबाज हैरी ब्रूक ने अपनी तूफानी बल्लेबाजी के दम पर टेस्ट क्रिकेट में दुनिया के नंबर वन बल्लेबाज होने का रुतबा हासिल कर लिया है। यह कोई मामूली कामयाबी नहीं है। हैरी ब्रूक ने सीधे लंबी छलांग लगाते हुए 869 रेटिंग पॉइंट्स के साथ नंबर एक की कुर्सी पर अपना कब्जा जमा लिया है। जो रूट, जिन्हें मॉडर्न डे क्रिकेट का सबसे महान टेस्ट बल्लेबाज कहा जाता था, वो अब सीधे तीसरे नंबर पर धड़ाम से गिर चुके हैं। जो रूट के पास अब 851 रेटिंग पॉइंट्स बचे हैं। वहीं ऑस्ट्रेलिया के खतरनाक बल्लेबाज ट्रेविस हेड 853 अंकों के साथ दूसरे नंबर पर आकर बैठ गए हैं। ये टॉप तीन की लड़ाई सिर्फ नंबरों की लड़ाई नहीं है, बल्कि ये इस बात का सबूत है कि अब टेस्ट क्रिकेट में उसी का सिक्का चलेगा जो गेंदबाजों पर काउंटर अटैक करने की हिम्मत रखता है।
लेकिन इस पूरी ग्लोबल रैंकिंग में जो बात सबसे ज्यादा सुकून देने वाली और हर भारतीय का सीना चौड़ा करने वाली है, वो है हमारे युवा शेरों की दहाड़। भारत के क्रिकेट फैंस के लिए यह रैंकिंग एक बहुत बड़ा और कड़क संदेश लेकर आई है। भारतीय क्रिकेट का भविष्य सिर्फ सुरक्षित हाथों में ही नहीं है, बल्कि वो भविष्य अब दुनिया पर राज करने के लिए पूरी तरह से तैयार हो चुका है। हमारे युवा और स्टाइलिश सुपरस्टार शुभमन गिल ने इस नई टेस्ट रैंकिंग में ऐसी लंबी छलांग लगाई है कि दुनिया भर के क्रिकेट एक्सपर्ट्स उन्हें सलाम कर रहे हैं। शुभमन गिल दो पायदान ऊपर चढ़कर अब 743 रेटिंग पॉइंट्स के साथ दुनिया के आठवें नंबर के टेस्ट बल्लेबाज बन गए हैं।शुभमन गिल का टॉप 10 में इस मजबूती के साथ अपनी जगह बनाना कोई इत्तेफाक नहीं है। यह उनकी उस सॉलिड तकनीक, बेखौफ अंदाज और स्पिनर्स से लेकर फास्ट बॉलर्स तक को डोमिनेट करने की उस काबिलियत का नतीजा है, जिसने उन्हें ‘प्रिंस ऑफ इंडियन क्रिकेट’ का रुतबा दिलाया है। शुभमन गिल जब क्रीज पर खड़े होते हैं, तो उनके बल्ले से निकलने वाला हर कवर ड्राइव दुनिया को यह बताता है कि असली क्लास क्या होती है। गिल का आठवें नंबर पर आना सिर्फ एक शुरुआत है। क्रिकेट के गलियारों में यह बात पूरी तरह से गूंज रही है कि बहुत जल्द शुभमन गिल वो नाम बनने वाले हैं जो नंबर वन की कुर्सी से इन अंग्रेजों और ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को उखाड़ कर बाहर फेंक देंगे।वहीं दूसरी तरफ, टॉप 10 की इस एलीट लिस्ट में भारत का एक और खतरनाक लड़ाका मौजूद है। हम बात कर रहे हैं यशस्वी जायसवाल की। यशस्वी जायसवाल भले ही इस ताजा रैंकिंग में एक पायदान खिसक कर 733 अंकों के साथ नौवें नंबर पर आ गए हों, लेकिन दुनिया का हर गेंदबाज यह बहुत अच्छी तरह से जानता है कि जायसवाल का खौफ क्या है। जायसवाल वो बल्लेबाज हैं जो टेस्ट क्रिकेट को भी टी20 के अंदाज में खेलते हैं। पहली ही गेंद से बॉलर्स पर हावी होना, बड़े-बड़े छक्के लगाना और विरोधी टीम के मोराल को पूरी तरह से चकनाचूर कर देना ही यशस्वी जायसवाल का असली गेम है। गिल और जायसवाल का एक साथ दुनिया के टॉप 10 टेस्ट बल्लेबाजों में शामिल होना यह साबित करता है कि भारतीय क्रिकेट का ट्रांजिशन पीरियड बहुत ही शानदार तरीके से आगे बढ़ रहा है। विराट कोहली और रोहित शर्मा जैसे लीजेंड्स ने जो बेंचमार्क सेट किया था, हमारे ये युवा शेर उसी लिगेसी को पूरी आक्रामकता के साथ आगे बढ़ा रहे हैं।
अगर हम रैंकिंग के बाकी टॉप खिलाड़ियों पर नजर डालें, तो ऑस्ट्रेलिया के दिग्गज और हमेशा रनों की भूख रखने वाले स्टीव स्मिथ 831 रेटिंग पॉइंट्स के साथ चौथे नंबर पर जमे हुए हैं। स्टीव स्मिथ का इस लिस्ट में बने रहना यह दिखाता है कि उनका क्लास अभी भी पूरी तरह से खत्म नहीं हुआ है। इसके ठीक नीचे एक नया नाम सामने आया है जिसने सबको हैरान किया है। श्रीलंका के कामिन्दु मेंडिस ने एक पायदान की शानदार बढ़त हासिल की है और वो 781 अंकों के साथ पांचवें नंबर पर आ गए हैं। श्रीलंका क्रिकेट के लिए कामिन्दु मेंडिस का ये राइज एक बहुत बड़ी संजीवनी की तरह है।
वहीं न्यूजीलैंड के महान बल्लेबाज केन विलियमसन के लिए यह रैंकिंग एक झटका लेकर आई है। विलियमसन को एक स्थान का नुकसान झेलना पड़ा है और वो 780 अंकों के साथ अब छठे पायदान पर खिसक गए हैं। इसके अलावा साउथ अफ्रीका के कप्तान और मिडिल ऑर्डर की जान टेम्बा बावुमा 775 अंकों के साथ सातवें नंबर पर अपनी जगह बचाने में कामयाब रहे हैं।यह पूरी रैंकिंग लिस्ट अगर आप ध्यान से देखें, तो आपको टेस्ट क्रिकेट का बदलता हुआ पूरा लैंडस्केप नजर आएगा। अब वो जमाना लद गया जब बल्लेबाज क्रीज पर आकर सिर्फ गेंदे छोड़ने और डिफेंस करने का काम करते थे। आज की तारीख में चाहे वो हैरी ब्रूक हों, ट्रेविस हेड हों या फिर हमारे यशस्वी जायसवाल और शुभमन गिल, ये सभी वो मॉडर्न डे वॉरियर्स हैं जो टेस्ट क्रिकेट में भी स्ट्राइक रेट की अहमियत समझते हैं। जो टीम और जो खिलाड़ी आज के वक्त में तेजी से रन नहीं बनाएगा, वो इस रैंकिंग में ऐसे ही नीचे गिरता चला जाएगा जैसे आज जो रूट या केन विलियमसन गिर रहे हैं।
भारत का लक्ष्य कभी भी सिर्फ टॉप 10 में अपनी जगह बनाना नहीं रहा है। भारतीय टीम और हमारे खिलाड़ियों का अल्टीमेट गोल हमेशा से वर्ल्ड डोमिनेशन रहा है। शुभमन गिल और यशस्वी जायसवाल जिस फॉर्म और जिस अग्रेसिव माइंडसेट के साथ आगे बढ़ रहे हैं, वो दिन अब ज्यादा दूर नहीं है जब आईसीसी की टेस्ट रैंकिंग के टॉप 3 में आपको सिर्फ और सिर्फ तिरंगा ही लहराता हुआ नजर आएगा। हैरी ब्रूक ने आज भले ही नंबर एक की कुर्सी हासिल कर ली हो, लेकिन उन्हें यह बहुत अच्छी तरह से मालूम है कि उनके पीछे भारतीय शेरों की एक पूरी फौज खड़ी है जो किसी भी वक्त उनसे यह ताज छीनने की ताकत रखती है।
आने वाले टेस्ट सीजन्स में जब भारतीय टीम विदेशी पिचों पर कदम रखेगी, तो असली मुकाबला देखने को मिलेगा। जब हमारे ये युवा बल्लेबाज ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के फास्ट बॉलर्स की उनकी ही जमीन पर धुनाई करेंगे, तब इन रेटिंग पॉइंट्स का कांटा इतनी तेजी से भागेगा कि दुनिया देखती रह जाएगी। भारत का नया क्रिकेटिंग सिस्टम अब पूरी तरह से बेखौफ हो चुका है। हमारे खिलाड़ी अब प्रेशर लेते नहीं हैं, बल्कि प्रेशर वापस विरोधी टीम के ड्रेसिंग रूम में ट्रांसफर करना जानते हैं।
शुभमन गिल की तकनीक और यशस्वी जायसवाल का बाहुबल आज विश्व क्रिकेट के लिए सबसे बड़ा खतरा बन चुका है। इन दोनों ने अपनी मेहनत, अपने टैलेंट और अपने जज्बे से यह साबित कर दिया है कि भारतीय क्रिकेट का फ्यूचर किसी के रहमोकरम पर नहीं, बल्कि अपनी खुद की बाहुबली ताकत पर टिका हुआ है। अब पूरी दुनिया की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि गिल और जायसवाल अपनी इस रैंकिंग को आने वाले मैचों में किस तरह से एक नया आकार देते हैं और कैसे वो दुनिया के बाकी बचे हुए बल्लेबाजों को धूल चटाकर नंबर वन के सिंहासन की तरफ अपने कदम बढ़ाते हैं।
आईसीसी की इस नई टेस्ट रैंकिंग और खास तौर पर शुभमन गिल और यशस्वी जायसवाल के इस शानदार डोमिनेशन पर आपका क्या कहना है? क्या आपको लगता है कि बहुत जल्द शुभमन गिल दुनिया के नंबर वन टेस्ट बल्लेबाज बन जाएंगे? अपनी बेबाक राय और अपना जवाब कमेंट बॉक्स में जरूर दें। इस खबर को हर एक सच्चे भारतीय क्रिकेट फैन तक पहुंचाएं और दुनिया को दिखाएं कि भारतीय क्रिकेट की नई जनरेशन अब कितनी ज्यादा पावरफुल और अनस्टॉपेबल हो चुकी है।





